नई दिल्ली, 01 फरवरी, (वीएनआई) संसद के बजट सत्र में वित्तमंत्री निर्माला सीतारमण ने आज लोकसभा में मोदी सरकार के दूसरे कार्यकाल का तीसरा आम बजट पेश करते हुए इनकम टैक्स को लेकर कोई खास घोषणा नहीं की।
वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने देश के करदाताओं को कोई राहत नहीं दी। इनकम टैक्स भरने वालों को मोदी सरकार के इस बजट में कोई राहत नहीं मिली। वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने टैक्स स्लैब में इस बार कोई भी बदलाव नहीं किया। यानी एक बार फिर से मध्यम वर्गीय लोगों के हाथों में निराशा लगी है। उन्हें पहले की तरह ही टैक्स नियमों का पालन करना होगा। वित्तमंत्री ने इस बार के बजट में न केवल वरिष्ठ नागरिकों को राहत दी, जबकि नौकरीपेशा एक बार फिर से खाली हाथ रह गए। हालाँकि उन्होंने घोषणा की है कि 75 साल से ऊपर के सीनियर सीटिजन को इनकम टैक्स रिटर्न नहीं भरना पड़ेगा । उन्होंने कहा कि अगर सिर्फ पेंशन ही कमाई का जरिया है तो भी उन्हें टैक्ट में राहत मिलेगी। जहां वरिष्ठ नगरिकों को इनकम टैक्स रिटर्न में राहत मिली तो वहीं नौकरीपेशा लोगों को एक बार फिर से खाली हाथ रहना पड़ा।
वित्तमंत्री ने आगे कहा कि देश में करदाताओं की संख्या बढ़ी है। साल 2014 में 3.31 करोड़ इनकम टैक्सपेयर्स थे। अब उनकी संख्या बढ़कर 6.48 करोड़ हो गई है। उन्होंने कहा कि 50 लाख रुपए से अधिक की आय को छिपाने के गंभीर कर अपराधों को 10 साल बाद फिर से खोला जा सकता है। उन्होंने कहा कि 3 साल से ज्यादा लंबित विवाद के मामले भी नहीं खोले जाएंगे। उन्होंने आगे एमएसएमई सेक्टर को टैक्स में राहत देते हुए उन्हें 31 मार्च 2022 तक कोई टैक्स नहीं देने की छूट दी। वहीं ये भी कह कि REITs, InViTs के डिविडेंट पर टैक्स नहीं देना होगा। वित्त मंत्री न NRIs को इनकम टैक्स में ऑडिट से छूट मिलेगी। मोदी सरकार ने अपने बजट में सरकार ने स्टार्ट अप को टैक्स देने में मिली शुरुआती छूट को 1 साल के लिए बढ़ा दी।
वित्तमंत्री निर्मला सीतारमन ने इससे पहले कहा कि ये बजट मुश्किल समय में तैयार किया गया। वित्त मंत्री ने आत्मनिर्भर भारत राहत पैकेज का जिक्र किया। वित्त मंत्री के अनुसार लॉकडाउन के दौरान पीएम गरीब कल्याण योजना की शुरुआत की गयी। पीएम गरीब कल्याण योजना से 12 करोड़ लोगों को मदद मिली। 80 करोड़ लोगों को मुफ्त अनाज दिया गया। आत्मनिर्भर भारत राहत पैकेज से सुधार होंगे। इस पैकेज से इकोनॉमी को काफी फायदा। कोरोना काल में 5 मिनी बजट पेश किए।