गूगल के डूडल ने योग गुरू बी के एस आयंगर के जन्म दिन पर उन्हे किया नमन

By Shobhna Jain | Posted on 14th Dec 2015 | देश
altimg
नई दिल्ली 14 दिसंबर (अनुपमाजैन/वीएनआई)प्रसिद्ध भारतीय योग गुरू बी के एस आयंगर के 97 वां जन्मदिन पर गूगल के डूडल ने उन्हें आज नमन किया है. गूगल ने आज 'फादर ऑफ मॉर्डन योग' के प्रति अपना सम्मान प्रगट करते हुए अपने डूडल मे उनकी योग करते हुए छवि प्रदर्शित की है Google.co.in पर इस पर क्लिक करने पर बेल्लुर कृष्णामाचार सुन्दरराजा-बीकेएस आयंगर का गूगल सर्च पेज खुलता है, जिसमे वे योग की विभिन्न मुद्राओ और आसन की छवि दिखाई पड़ती है.'आयंगर योग' के नाम से प्रचलित उनकी योग साधना अद्भुत मानी जाती थी कहा जाता है कि योग गुरू आधा घंटे तक शीर्षासन मुद्रा मे खड़े हो सकते थे. दुनिया भर मे योग को लोक्प्रिय बनाने मे उनका अमुल्य योगदान मआना जाता है गौरतलब है कि दुनिया मे भारतीय योग की लोकप्रियता के प्रतीक स्वरूप गत वर्ष 21 जून से अब हर वर्ष दुनिया भर मे अंतर राष्ट्रीय योग दिवस मनाया जाता है आयंगर योग स्कूल के संस्थापक बीकेएस को 'फादर ऑफ मॉर्डन योग' माना जाता है, जिन्होने योग को देश के साथ विदेशो मे एक नयी लोकप्रिय पहचान दी. उन्हें वर्ष 1991 में पद्म श्री, वर्ष 2002 में पद्म भूषण और वर्ष 2014 में पद्म विभूषण से सम्मानित किया गया था. वहीं वर्ष 2004 में टाइम मैग्जीन की 100 सबसे ज्यादा प्रभावशाली लोगों की सूची में भी आयंगर का नाम शामिल किया गया. गूगल ने आज उन्हे सम्मानित करते हुए लिखा " इस जाने माने और आध्यात्मिक योग गुरू के योग आसनो की विभिन्न छवियॉ और आसन केविन लौघलिन ने आज इस डूडल के माध्यम से उकेरे है.जिसमे योग की आठो आसन मुद्राए है जिसमे वे पारंगत थे. आध्यात्मिक गुरू जे कृषणामुर्ति और भारतीय दर्शन और संगीत से प्राभावित विश्व प्रसिद्ध वॉयलिन वादक यहुदी मेनुहिन जैसी अनेक दिग्गज हस्तियो ने उनसे योग सीखा था. उनका मानना था ' योग शरीर और आत्मा के सामंज्स्य है, दरअसल यह बाह्य से अंतर की यात्रा है' आयंगर का जन्म कर्नाटक में हुआ था. बचपन मे वे काफी बीमार रहते थे और उनए पिता का निधन भी बचपन मे हो गया था, घर की आर्थिक हालत भी काफी खराब थी ऐसे हालात मे वे अपने बहनोई टी कृषणा माचार के आश्रम मे योग सीखने चले गये और कठोर और अनुशासित योग साधना से योग मे पारंगत होते चले गये. वे कहते थे कि ज्यादातर लोगो ने उन्हे योग सीखने के लिये हतोत्साहित किया लेकिन वे एक लक्ष्य से आगे बढते गये आयंगर ने बताया कि लोगों ने अपने हमले जैसे-जैसे तेज किए, वैसे-वैसे वह मजबूत होते गए.गत वर्ष 95 वर्ष की आयु मे इस योगी का गत वर्ष निधन हुआ. वीएनआई

Leave a Comment:
Name*
Email*
City*
Comment*
Captcha*     8 + 4 =

No comments found. Be a first comment here!

ताजा खबरें

Thought of the Day-winner
Posted on 2nd Apr 2025

Connect with Social

प्रचलित खबरें

cricket and life
Posted on 6th Mar 2020
© 2020 VNI News. All Rights Reserved. Designed & Developed by protocom india