अरब मूल के नव निर्वाचित अमरीकी सीनेटर डॉ सैय्यद अपने को अरब से ज्यादा भारतीय मानते हैं

By VNI India | Posted on 5th Nov 2026 | विदेश
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नई दिल्ली/ मिशीगन, 5 नवंबर (वीएनआई)  भले ही अमेरिका के पहले मुस्लिम सीनेटर डॉक्टर अल-सैयद  अरब मूल के हैं लेकिन उनका कहना हैं कि वे अरब मूल होने के बावजूद वे  अरब से ज़्यादा भारतीय हैं चुनाव प्रक्रिया के दौरान अपने खिलाफ चलाए गए अभियान पर प्रतिक्रिया देते हुए अल-सैयद ने कहा, "सुनिए, मेरी शादी एक दक्षिण भारतीय परिवार में हुई है. इस शादी को 20 साल हो चुके हैं. अब तो मैं इस परिवार में पूरी तरह घुल-मिल गया हूं. आपको शायद नहीं पता होगा कि हो सकता है मैं अरब होने से ज़्यादा भारतीय हूं

उन की पत्नी डॉ सारा का परिवार मूल रूप से कर्नाटक का  हैं

डॉक्टर अल-सैयद ने इससे पहले कभी कोई राजनीतिक पद नहीं संभाला है.इन चुनावों में 50 फीसदी से ज़्यादा वोट मिले, जबकि उनके प्रतिद्वंद्वी रिपब्लिकन पार्टी के माइक रोजर्स को करीब 45 फ़ीसदी वोट मिले.उनकी पत्नी डॉक्टर सारा जुकाकू के दादा जुकाकू शमशुद्दीन वह शख़्स थे, जिन्होंने उत्तर कन्नड़ जिले के भटकल में बिजली पहुंचाई थी.

वह इस इलाक़े के पहले वकील भी थे. बाद में वह मुख्यमंत्री बीडी जत्ती (1958-1962) की सरकार में उपमंत्री बने.डॉक्टर सारा जुकाकू के एक अन्य रिश्तेदार एसएम याह्या भी वकील थे. बाद में वह मुख्यमंत्री देवराज उर्स (1972-1977 और 1978-1980) के नेतृत्व वाली सरकार में मंत्री बने. उन्होंने इस इलाक़े में शिक्षा को बढ़ावा देने में अहम भूमिका निभाई.

इन चुनावों में डोनाल्ड ट्रंप की रिपब्लिकन पार्टी को बड़ी हार का सामना करना पड़ा है. ताज़ा नतीजों के मुताबिक़, अमेरिकी संसद के उच्च सदन सीनेट में अब डेमोक्रेटिक पार्टी के 54 और रिपब्लिकन पार्टी के 44 सदस्य हैं.

वहीं, अमेरिकी संसद के निचले सदन यानी हाउस ऑफ़ रिप्रेजेंटेटिव्स में डेमोक्रेटिक पार्टी के 228 और रिपब्लिकन पार्टी के महज 139 सदस्य हैं. इस सदन में बहुमत का आंकड़ा 218 है और अब भी 68 सीटों के नतीजे आने बाकी हैं. यानी दोनों ही सदनों में डेमोक्रेटिक पार्टी बहुमत का आंकड़ा पार कर चुकी है.

अल-सैयद  के ससुराल पक्ष के अनुसार  हमें इस पर गर्व है. अल-सैयद कुछ साल पहले भटकल और बेंगलुरु आए थे." वह हमारी भटकल की भाषा के कुछ शब्द बोल लेते हैं.

डॉक्टर सारा के पिता डॉक्टर तैयब मेडिकल की पढ़ाई पूरी करने के बाद अमेरिका चले गए.डॉक्टर आलिया के भाई डॉक्टर तैयब जुकाकू हैं जो अब्दुल अल सैयद की पत्नी डॉक्टर सारा के पिता हैं. मेडिकल की पढ़ाई पूरी करने के बाद डॉक्टर तैयब अमेरिका चले गए थे.

डॉक्टर सारा का जन्म और पालन-पोषण अमेरिका में हुआ. डॉक्टर आलिया, शमसुद्दीन की सबसे छोटी बेटी हैं. शमशुद्दीन का 1964 में महज 51 साल की उम्र में निधन हो गया था.

डॉक्टर सारा और अल-सैयद की मुलाक़ात मिशिगन यूनिवर्सिटी में हुई थी. दोनों रोड्स स्कॉलर थे. ल-सैयद ने मिशिगन यूनिवर्सिटी और कोलंबिया यूनिवर्सिटी में मेडिकल की पढ़ाई की और महामारी विज्ञान में विशेषज्ञता हासिल की.साल 2015 में डेट्रॉइट स्वास्थ्य विभाग के कार्यकारी निदेशक के तौर पर उनकी नियुक्ति ने राष्ट्रीय स्तर पर सुर्खियां बटोरीं.

डॉक्टर आलिया ने कहा, "सैयद बहुत प्रतिभाशाली व्यक्ति हैं और सभी लोगों की स्थिति बेहतर बनाने के लिए समर्पित हैं. वह एलजीबीटीक्यू समुदाय समेत सभी के अधिकारों के लिए लड़ रहे हैं. मूल रूप से वह मानवता के लिए काम कर रहे हैं." वी एन आई


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