Breaking News
आज का दिन :         ||           जम्मू-कश्मीर में आतंकियों से मुठभेड़ में दो जवान जख्‍मी         ||           प्रधानमंत्री मोदी ने कहा मैं स्‍वतंत्रता सेनानियों के आगे नतमस्‍तक हूं         ||           प्रधानमंत्री मोदी ने पुलिस स्मारक का उद्घाटन किया         ||           साइना नेहवाल डेनमार्क ओपन के फाइनल में पहुंचीं         ||           मुंबई ने दिल्ली को 4 विकेट से हराकर तीसरी बार जीती विजय हजारे ट्रॉफी         ||           संजय राउत ने कहा राम मंदिर के लिए अब कानून ना बना तो फिर कभी नहीं बनेगा         ||           अमेरिका ने भारत से कहा काट्सा बचने के लिए F-16 एयरक्राफ्ट खरीदो         ||           मुख्यमंत्री अमरिंदर सिंह अमृतसर ट्रैन हादसे में घायलों से मिले, मजिस्ट्रेट जांच के आदेश         ||           भारतीय गेंदबाज़ प्रवीण कुमार ने अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट को कहा अलविदा         ||           आज का दिन : क्रिकेटर वीरेंद्र सहबाग         ||           सऊदी अरब ने कहा पत्रकार जमाल खशोगी की हो चुकी है मौत         ||           पेट्रोल-डीजल के दाम आज फिर कम हुए         ||           नवजोत सिंह सिद्धू दशहरा रेल हादसे में घायलों से मिलने पहुंचे         ||           रेलवे ने अमृतसर ट्रेन हादसे पर कहा हम जिम्मेदार नहीं         ||           पंजाब सरकार ने अमृतसर रेल हादसे के बाद राजकीय शोक का ऐलान किया         ||           अमृतसर ट्रेन हादसे में 61 लोगों की मौत         ||           बात रावण की         ||           आज का दिन :         ||           अजीत जोगी छत्तीसगढ़ विधानसभा चुनाव नहीं लड़ेंगे         ||           
close
Close [X]
अब तक आपने नोटिफिकेशन सब्‍सक्राइब नहीं किया है. अभी सब्‍सक्राइब करें.

Home >> अनेकता में एकता भारतीय संस्कृति की मौलिक विशेषता, सर्वधर्म सदभाव इसका मूल मन्त्र-सुषमा

अनेकता में एकता भारतीय संस्कृति की मौलिक विशेषता, सर्वधर्म सदभाव इसका मूल मन्त्र-सुषमा


Vniindia.com | Wednesday July 15, 2015, 02:22:20 | Visits: 2140







नई दिल्ली 15 जुलाई (शोभनाजैन,वीएनआई) विदेश मंत्री श्रीमती सुषमा स्वराज ने अनेकता में एकता को भारतीय संस्कृति की मौलिक विशेषता बताते हुए कहा है \'सर्वधर्म सदभाव\' इसका मूल मन्त्र है |श्रीमती सुषमा स्वराज ने यह भी कहा \' हिंसा और आतंक किसी समस्या का समाधान नहीं है | संवाद के द्वारा अहिंसा के मार्ग से हर समस्या को सुलझाया जा सकता है | उन्होंने कहा अहिंसा और शांति ही वह श्रेष्ठ मार्ग है जिससे हम दुनिया को बेहतर बना सकते है |\'

श्रीमति स्वराज आज यहा अहिंसा विश्व भारती के संस्थापक आचार्य डा. लोकेश मुनि के नेतृत्व् मे मिलने आये एक शिष्टमंडल को संबोधित कर रही थी. संस्था के एक प्रवक्ता के अनुसार अमेरिका की सफल शांति सदभाव यात्रा से स्वदेश लौटने पर आज यहा उन्हे शुभकामनाये देते हुए श्रीमति स्वराज ने कहा कि आचार्य डा. लोकेश मुनि ने इस शांति सदभाव यात्रा से भारत की अहिंसा व शांति की महान संस्कृति को विश्व में पहुँचाने का भागीरथ प्रयत्न किया है|शांति यात्रा के दौरान आचार्य लोकेश मुनि ने संयुक्त राष्ट्र संघ में गत 21 जून को आयोजित अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस समारोह में भी हिस्सा लिया जहा उन्होने भारतीय योग की महत्ता पर बल देते हुए कहा कि हर्ष की बात है कि भारतीय योग तेजी से दुनिया भर मे उसे अपना्या जा रहा है, यह दुनिया को एक सूत्र मे पिरो रहा है |आचार्य लोकेश नें प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी व विदेश मंत्री श्रीमती सुषमा स्वराज के प्रयासों की प्रशंसा करते हुए बताया कि संयुक्त राष्ट्र संघ में अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के आयोजन से भारत की योग की प्राचीन महान विरासत को जन जन तक पहुँचाने में बल मिलेगा. गौरतलब है कि यू एन मे आयोजित इस समारोह मे श्रीमति स्वराज मुख्य अतिथी थी,इसमे यू एन के महासचिव बान की मून सहित अनेक धर्म गुरू और विशिष्ट जन भी मौजूद थे. श्रीमति स्वराज ने इस समारोह मे भारतीय योग को सॉफ्ट पॉवर बताते हुए कहा था कि जनकल्याण कारी भारतीय योग दुनिया को जोड़ रहा रहा है.प्रवक्ता के अनुसार आज श्रीमति स्वराज ने आचार्य लोकेश के अहिंसात्मक प्रयासों की सराहना करते हुए कहा कि विश्व शांति व सदभाव का मार्ग प्रशस्त करने में संतों की अहम् भूमिका है|
अमरीका शांति यात्रा के दौरान लोकेश मुनि जी ने अमेरिका में राष्ट्रपति चुनाव की संभावित उम्मीदवार व पूर्व विदेश मंत्री श्रीमती हिलेरी क्लिंटन के साथ आयोजित कार्यक्रम में अहिंसा प्रशिक्षण एवं पीस एजुकेशन कार्यक्रम को प्रस्तुत कर अहिंसा की मह्त्ता को पुन: उजागर किया |्मुनिश्री ने यह भी बताया की उनकी श्रीमती हिलेरी क्लिंटन के साथ भेंट के दौरान श्रीमती क्लिंटन नें भारत को विश्व में तेजी से उभरती हुई आर्थिक ताकत ्बताते हुए कहा कि आने वाले समय में उसकी विश्व पटल पर बड़ी भूमिका होगी|
आचार्य डा. लोकेश मुनि ने कहा कि हिंसा और आतंकवाद से केवल भारत ही नहीं अमेरिका जैसा शक्तिशाली देश भी प्रभावित है| भारत का अहिंसा का प्रवर्तक रहा है अहिंसा व शांति का संदेश वाहक रहा है, दुनिया को आज इस रास्ते पर चलने की सब से ज़्यादा जरूरत है | वी एन आई



Latest News




कमेंट लिखें


आपका काममें लाइव होते ही आपको सुचना ईमेल पे दे दी जायगी

पोस्ट करें


कमेंट्स (0)


Sorry, No Comment Here.

संबंधित ख़बरें